उसके बाद सरकार की अति महत्वपूर्ण मनरेगा योजना के तहत फ़रवरी 2024 में गौशाला का निर्माण प्रारम्भ कराया गया। 14 अगस्त 2024 को 115 मीटर बाउंड्रीवाल बनकर तैयार हो गई। 17 अगस्त की रात्रि करीब एक बजे ग्राम पंचायत के ही कुछ लोग अपने सहयोगियों के साथ ट्रेक्टर ट्राली लेकर पहुंचे औऱ करीब 65 मीटर गौशाला का बाउंड्रीवाल गिराकर उसमे रखी निर्माण सामग्री भी उठा ले गये। यही नहीं गौशाला की भूमि कब्जा करके उसमे धान की रोपाई कराते हुए शेष भूमि में छप्पर आदि रखकर कब्जा कर लिए।
ग्राम प्रधान धर्मेंद्र कुमार गोस्वामी ने बताया कि उसने कोतवाली देहात में अभियुक्तों के विरुद्ध नामजद तहरीर दिया मगर पुलिस ने तहरीर बदलवा कर अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर दिया। प्रधान ने बताया कि उसने उपजिलाधिकारी से मिलकर पूरे मामले से अवगत कराया। इस पर राजस्व व पुलिस की टीम मौके पर गौशाला की भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने गई मगर अतिक्रमणकारियों के विरोध करने की वजह से सफल नहीं हो सकी। गुरुवार को दोपहर बाद मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में राजस्व व पुलिस की संयुक्त टीम ने गौशाला की भूमि को अतिक्रमण मुक्त करा दिया।